सोनारगढ़ दुर्ग (जैसलमेर) राजस्थान के सबसे प्रसिद्ध, भव्य और ऐतिहासिक किलों में से एक है। परीक्षा की दृष्टि से (RAS, RPSC, REET, Rajasthan Police आदि) इसके बारे में...
गागरोन दुर्ग (झालावाड़) राजस्थान के सबसे महत्वपूर्ण और अनूठे किलों में से एक है। परीक्षा की दृष्टि से (RAS, RPSC, REET, Rajasthan Police आदि) इसके बारे में सभी...
रणथंभौर दुर्ग (सवाई माधोपुर) राजस्थान के सबसे प्रसिद्ध, ऐतिहासिक और सामरिक रूप से महत्वपूर्ण किलों में से एक है। परीक्षा की दृष्टि से (RAS, RPSC, REET, Rajasthan Police...
राजस्थान के प्रमुख दुर्ग एवं महल (कालक्रमानुसार विस्तृत सूची) क्रम दुर्ग / महल का नाम निर्माणकर्ता (किसने बनवाया) जीर्णोद्धारकर्ता (किसने जीर्णोद्धार कराया) मुख्य विशेषताएँ 1. भटनेर दुर्ग (हनुमानगढ़)...
चित्तौड़गढ़ दुर्ग राजस्थान के सबसे ऐतिहासिक, भव्य और महत्वपूर्ण किलों में से एक है। इसे “राजस्थान के सभी किलों का सिरमौर” और “गिदुर्गों का सिरमौर” कहा जाता है।...
भटनेर दुर्ग राजस्थान के सबसे प्राचीन और ऐतिहासिक किलों में से एक है। परीक्षा की दृष्टि से (RAS, RPSC, REET, Rajasthan Police आदि) इसके बारे में सभी महत्वपूर्ण...
निरंजनी पंथ संस्थापक: इस पंथ के संस्थापक हरिदास निरंजनी (जिन्हें संत हरिदास जी भी कहा जाता है) थे। इनका जन्म कापड़ोड (नागौर) में हुआ था। मुख्य पीठ (प्रधान...
निष्कलंक संप्रदाय संस्थापक: इस संप्रदाय की स्थापना संत मावजी ने की थी। संत मावजी को निष्कलंक संप्रदाय के अनुयायी भगवान विष्णु का ‘कल्कि अवतार’ मानते हैं। जन्म एवं...
चरणदासी संप्रदाय उत्तर भारत और विशेष रूप से राजस्थान व दिल्ली क्षेत्र का एक प्रमुख और अनुशासित भक्ति संप्रदाय है। परीक्षा की दृष्टि से (जैसे RPSC, RAS, और...
यहाँ रामस्नेही संप्रदाय और इसके संस्थापक संत रामचरण जी से संबंधित महत्त्वपूर्ण परीक्षा-उपयोगी नोट्स दिए जा रहे हैं: रामस्नेही संप्रदाय एवं संत रामचरण जी – प्रमुख नोट्स संत...