मुख्य बिंदु: यहाँ हाल ही में जारी किए गए दस्तावेजों (सुजस बुलेटिन) के आधार पर परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण और सटीक नोट्स दिए गए हैं: 1. बाड़मेर जिला: विकास कार्य और लोकार्पण-शिलान्यास लोकार्पण व शिलान्यास: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बाड़मेर के बाछड़ाऊ में जोधपुर संभाग (बाड़मेर, बालोतरा, जैसलमेर, जालोर, जोधपुर, पाली, फलोदी और सिरोही) के लिए […]
यहाँ हाल ही में जारी किए गए दस्तावेजों (सुजस बुलेटिन) के आधार पर परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण और सटीक नोट्स दिए गए हैं:
1. बाड़मेर जिला: विकास कार्य और लोकार्पण-शिलान्यास
-
लोकार्पण व शिलान्यास: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बाड़मेर के बाछड़ाऊ में जोधपुर संभाग (बाड़मेर, बालोतरा, जैसलमेर, जालोर, जोधपुर, पाली, फलोदी और सिरोही) के लिए ₹2,824 करोड़ से अधिक की लागत के 1,013 विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया।
-
शिलान्यास: ₹2,045 करोड़ से अधिक की लागत के 763 कार्य।
-
लोकार्पण: ₹778 करोड़ की लागत के 250 विकास कार्य।
-
ऐतिहासिक संदर्भ: मुख्यमंत्री ने 1971 के युद्ध को स्मरण करते हुए बाड़मेर के सपूत लेफ्टिनेंट जनरल हनुत सिंह के अदम्य शौर्य का उल्लेख किया, जिन्होंने पाकिस्तान की 48 टैंकों की पूरी रेजिमेंट को ध्वस्त कर दिया था।
2. कृषि उपज मण्डी समितियाँ (विकास कार्य)
-
वित्तीय स्वीकृति: राज्य की विभिन्न कृषि उपज मण्डी समितियों के आधारभूत ढांचे को सुदृढ़ बनाने के लिए ₹57 करोड़ 41 लाख की प्रशासनिक व वित्तीय स्वीकृति प्रदान की गई है।
-
कार्य: मण्डी यार्ड निर्माण, विद्युत कार्य, संपर्क सड़कों का निर्माण तथा क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत।
3. रामनिवास बाग (जयपुर) – नवीन चौपाटी
-
विशेषता: राजस्थान में अपनी तरह की पहली, 15 फूड ट्रकों वाली अनूठी चौपाटी।
-
लागत: ₹637.50 लाख।
-
मुख्य सुविधाएँ: लगभग 1,804 वर्गमीटर का पाथवे, 1,200 वर्गमीटर का ओपन गार्डन, 600 वर्गमीटर का चिल्ड्रन प्ले एरिया और 200 वर्गमीटर का ओपन एम्फीथिएटर।
4. पशुपालन विभाग एवं ‘स्टेट वेटरनरी पॉलिसी’
-
बैठक: मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास की अध्यक्षता में सचिवालय में पशुपालन विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित हुई।
-
प्रमुख निर्देश: भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए ‘स्टेट वेटरनरी पॉलिसी’ तैयार करने के निर्देश दिए गए।
-
मोबाइल वेटरनरी यूनिट: राज्य में कुल 536 मोबाइल वेटरनरी यूनिट संचालित हैं।
-
मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना: इस योजना के तहत राजस्थान सर्वाधिक पशु बीमा पॉलिसियाँ जारी करने में देश में प्रथम स्थान पर है (43 लाख से अधिक पशुओं का पंजीकरण एवं 26 लाख से अधिक बीमा पॉलिसियाँ जारी कर ₹95 करोड़ से अधिक का भुगतान)।
5. बाड़मेर का ऐतिहासिक एवं भौगोलिक परिचय
-
प्राचीन नाम: 12वीं शताब्दी में इस क्षेत्र को ‘मल्लानी’ के नाम से जाना जाता था।
-
संस्थापक: इसका वर्तमान नाम इसके संस्थापक परमार शासक बहाडा राव (बर राव) द्वारा रखा गया था।
-
जूना बाड़मेर: बर राव ने वर्तमान बाड़मेर शहर से 25 किमी दूर ‘जूना’ नामक नगर बसाया था।
-
वर्तमान बाड़मेर की स्थापना: मल्लिनाथ जी के पौत्र रावत लूला के वंशज रावत भीमा ने 1552 ईस्वी में वर्तमान बाड़मेर शहर की स्थापना की और अपनी राजधानी जूना से यहाँ स्थानांतरित की। यहीं शहर के ऊपर ‘बाड़मेर गढ़’ किले का निर्माण किया गया।
-
प्रमुख नदियाँ व स्थल: बाड़मेर की सबसे लंबी नदी लूणी है। यहाँ किराडू के मंदिर (सोलंकी शैली), देवका-सूर्य मंदिर, महाबार सैंड ड्यून्स, सफेद अखाड़ा (सिद्धेश्वर महादेव मंदिर) और चिंतामणि पार्श्वनाथ जैन मंदिर स्थित हैं।