राजस्थान की विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं (RPSC RAS, स्कूल व्याख्याता/1st Grade, वरिष्ठ अध्यापक/2nd Grade, RSMSSB आदि) के सामान्य अध्ययन (राजस्थान की प्रमुख जनकल्याणकारी योजनाएं) तथा भाषा/साहित्यिक संदर्भों के आधार पर ‘मुख्यमंत्री निःशुल्क निरोगी राजस्थान (दवा) योजना’ का परीक्षा-उपयोगी और व्यवस्थित संकलन प्रस्तुत है:
1. परिचय / मुख्य तथ्य (Introduction & Core Facts)
- मूल योजना का प्रारंभ (मुख्यमंत्री निःशुल्क दवा योजना – MNDY): 2 अक्टूबर 2011 (गांधी जयंती)।
- योजना का विस्तार/नया स्वरूप (मुख्यमंत्री निःशुल्क निरोगी राजस्थान योजना – MNNRY):
- ड्राई रन/ट्रायल: 1 अप्रैल 2022
- पूर्णतः लागू/शुभारंभ: 1 मई 2022
- नोडल विभाग: चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, राजस्थान सरकार।
- क्रियान्वयन एजेंसी: RMSCL (राजस्थान मेडिकल सर्विसेज कॉरपोरेशन लिमिटेड)।
- लक्ष्य एवं उद्देश्य: राजकीय चिकित्सा संस्थानों (उप स्वास्थ्य केंद्र से लेकर मेडिकल कॉलेज से जुड़े अस्पतालों तक) में आने वाले सभी अंतरंग (IPD) एवं बहिरंग (OPD) रोगियों को शत-प्रतिशत निःशुल्क दवाइयां, सर्जिकल आइटम्स एवं जांच सुविधाएं उपलब्ध कराना।
- पात्रता: राजस्थान के सभी निवासी (तथा राजकीय चिकित्सालयों में उपचार हेतु आने वाले सभी नागरिक)। जन आधार कार्ड के माध्यम से पंजीकरण।
2. प्रशासनिक संदर्भ (Literary & Administrative References)
यद्यपि यह एक प्रशासनिक एवं लोककल्याणकारी योजना है, किंतु राजस्थान के प्रशासनिक साहित्य, शासकीय पत्रिकाओं और लोककल्याणकारी नीतियों से जुड़े प्रामाणिक स्रोत निम्नलिखित हैं:
- राजस्थान सुजस (सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग – DIPR): राज्य की स्वास्थ्य नीतियों एवं निःशुल्क दवा वितरण के आंकड़ों का प्राथमिक एवं प्रामाणिक स्रोत।
- राजस्थान आर्थिक समीक्षा (Economic Review of Rajasthan): आर्थिक एवं सांख्यिकी निदेशालय द्वारा प्रतिवर्ष प्रकाशित, जिसमें आवश्यक दवा सूची (EDL) की संख्या और लाभार्थी आंकड़ों का विवरण रहता है।
- साहित्यिक एवं लोक चेतना संदर्भ:
- राजस्थान के लोक-साहित्य और समकालीन कविताओं में “आरोग्य” को परम सुख माना गया है:
“पहलो सुख निरोगी काया, दूजो सुख घर में हो माया।”(इस लोकनीति को आधार बनाकर ही इस योजना का नाम ‘निरोगी राजस्थान’ रखा गया है।)
- समकालीन पत्र-पत्रिकाओं में राजस्थान को ‘राइट टू हेल्थ (Right to Health)’ की अवधारणा लागू करने वाले मॉडल राज्य के रूप में चित्रित किया गया है।
- राजस्थान के लोक-साहित्य और समकालीन कविताओं में “आरोग्य” को परम सुख माना गया है:
3. विशिष्ट विशेषताएँ या प्रवृत्तियाँ (Key Characteristics & Trends)
- ई-औषधि (e-Aushadhi) सॉफ्टवेयर: दवाओं की आपूर्ति श्रृंखला, भंडारण (Drug Warehouses), एक्सपायरी प्रबंधन और वितरण की ऑनलाइन एवं पारदर्शी निगरानी हेतु विकसित वेब-आधारित प्रणाली।
- आवश्यक दवा सूची (Essential Drug List – EDL): योजना के तहत राजकीय स्वास्थ्य केंद्रों के स्तर (PHC, CHC, जिला अस्पताल, मेडिकल कॉलेज) के अनुसार दवाइयों, सर्जिकल आइटम्स और टांकों (Sutures) की सूची तय की गई है, जिसमें समय-समय पर विस्तार कर 1800+ से अधिक आवश्यक औषधियां एवं सर्जिकल वस्तुएं शामिल की गई हैं।
- पूर्णतः कैशलेस उपचार: OPD एवं IPD में परामर्श पर्ची से लेकर आवश्यक दवाइयों और जांचों तक का कोई शुल्क नहीं लिया जाता।
- गुणवत्ता नियंत्रण (Quality Control): दवाओं की गुणवत्ता जांच NABL-मान्यता प्राप्त प्रयोगशालाओं के माध्यम से की जाती है।
4. परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण बिंदु और संभावित प्रश्न
- MNDY का प्रारंभ: 2 अक्टूबर 2011।
- निरोगी राजस्थान अभियान का प्रारंभ: 17-18 दिसंबर 2019 (जिसके तहत ‘स्वास्थ्य मित्र’ नियुक्त किए गए थे)।
- मुख्यमंत्री निःशुल्क निरोगी राजस्थान योजना का आरंभ: 1 मई 2022 (IPD और OPD दोनों में पूर्ण निःशुल्क दवा व जांच)।
- सॉफ्टवेयर का नाम: ‘ई-औषधि’।